

देहरादून महारैली को कर्मचारियों ने कसी कमर, द्वाराहाट-चौखुटिया से बड़ी भागीदारी का संकल्प

मज़खाली (द्वाराहाट)। पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर मज़खाली में कर्मचारियों ने एक बार फिर जोरदार हुंकार भरी। राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली आंदोलन (NMOPS) के बैनर तले मज़खाली पंचायत भवन में आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में आगामी 13 सितंबर को देहरादून में प्रस्तावित प्रांतीय महारैली को सफल बनाने के लिए व्यापक रणनीति तैयार की गई।
बैठक में पेंशन विहीन शिक्षकों, कर्मचारियों ने एकजुट होकर संकल्प द्वाराहाट-चौखुटिया- सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्र से बड़ी संख्या में महारैली को देहरादून कूच करने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने कहा कि पुरानी पेंशन केवल कर्मचारियों का आर्थिक मुद्दा नहीं, बल्कि उनके सुरक्षित भविष्य और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण प्रश्न है।
बैठक के दौरान कर्मचारियों ने पोस्टर और बैनर के माध्यम से अपनी मांग को बुलंद किया। उन्होंने कहा कि 30-35 वर्षों तक देश और प्रदेश की सेवा करने वाले कर्मचारियों के बुढ़ापे को सुरक्षित करना सरकार की जिम्मेदारी है। इसी क्रम में “मेरा वोट, मेरा हक” जैसे नारों के माध्यम से पुरानी पेंशन बहाली के मुद्दे पर कर्मचारियों ने अपनी एकजुटता का संदेश दिया।
वक्ताओं ने कहा कि अब पुरानी पेंशन का संदेश केवल कर्मचारी संगठनों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसे घर-घर और समाज के बीच पहुंचाया जाएगा, आम जनता को भी इससे जोड़ा जायेगा ताकि OPS कर्मचारियों के सुरक्षित भविष्य की राह बनायी जा सके।
बैठक के अंत में द्वाराहाट, चौखुटिया एवं सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्रों के विभिन्न विभागों के शिक्षकों-कर्मचारियों से अपील की गई कि वे 13 सितंबर की देहरादून महारैली में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर पुरानी पेंशन बहाली की मांग को मजबूती प्रदान करें।
बैठक की अध्यक्षता प्राथमिक शिक्षक संघ के ब्लॉक अध्यक्ष ललित पालीवाल ने की, जबकि संचालन देवेन्द्र भट्ट ने किया।
इस दौरान कार्यकारिणी का विस्तार करते हुए ललित मोहन आर्य, रमेश चन्द्र पुजारी, देवेन्द्र भट्ट, ललित मोहन जोशी, सुमित सहित कुल आठ लोगों को कार्यकारिणी विस्तार में शामिल किया गया।
बैठक में पुरानी पेंशन बहाली मंच के ब्लॉक अध्यक्ष मोहन जोशी, महामंत्री नंदा बल्लभ मैनाली, कोषाध्यक्ष तारा सिंह रौतेला, वरिष्ठ उपाध्यक्ष गोपाल कृष्ण, उपाध्यक्ष मनीष पांडे, जिला आईटी सेल प्रभारी दीपक पाण्डेय, रमेश पुजारी, प्रताप जलाल, सुरेश कुमार, राजेन्द्र कुमार, बबिता पुजारी, ऋतु लोहनी, रेनू दरमोली, खुशबू वर्मा सहित बड़ी संख्या में शिक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।


