हल्द्वानी/लालकुआं। नेशनलिस्ट यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स (एनयूजे) की प्रदेश अध्यक्ष दया जोशी के लालकुआं प्रथम आगमन पर नगर इकाई द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान आयोजित एक विशेष बैठक में आगामी सितंबर माह में होने वाले प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम की रूपरेखा और रणनीति तय की गई।
संगठन को मजबूत करने के लिए जल्द ही जिला अध्यक्ष, महासचिव सहित जनपद के सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों की एक महाबैठक बुलाई जाएगी।
पत्रकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ: दया जोशी
बैठक को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष दया जोशी ने कहा, “पत्रकारिता केवल एक पेशा नहीं, बल्कि समाज को दिशा दिखाने वाला एक सशक्त माध्यम है। बदलते दौर में निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारिता की जिम्मेदारी और अधिक बढ़ गई है। पत्रकारों को पूरी ईमानदारी के साथ जनता की समस्याओं को शासन-प्रशासन तक पहुंचाना चाहिए।” उन्होंने जोर देकर कहा कि एनयूजे हमेशा पत्रकारों के सम्मान, स्वाभिमान और अधिकारों की लड़ाई लड़ता रहेगा।
फील्ड में काम कर रहे पत्रकारों की समस्याएं
बैठक में वरिष्ठ पत्रकारों ने मैदानी स्तर पर काम करने वाले मीडियाकर्मियों की गंभीर समस्याओं पर भी खुलकर चर्चा की:
सुरक्षा का अभाव: फील्ड में कवरेज के दौरान पत्रकारों के साथ बदसलूकी और झूठे मुकदमों का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
आर्थिक असुरक्षा: छोटे शहरों और कस्बों के पत्रकारों को समय पर उचित मानदेय या वेतन नहीं मिलता, जिससे उनके सामने जीवनयापन का संकट खड़ा हो जाता है।

स्वास्थ्य एवं सामाजिक सुरक्षा: गंभीर बीमारी या दुर्घटना की स्थिति में पत्रकारों और उनके परिवारों के लिए कोई पुख्ता चिकित्सा बीमा या वित्तीय मदद की व्यवस्था नहीं है।
मान्यता (Accreditation) के कड़े नियम: तहसील और ब्लॉक स्तर पर काम करने वाले कई योग्य पत्रकारों को सरकारी मान्यता मिलने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
दया जोशी ने इन सभी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए आश्वासन दिया कि संगठन इन मांगों को लेकर जल्द ही मुख्यमंत्री और सूचना महानिदेशक से मुलाकात करेगा।
वरिष्ठ पत्रकार रहे मौजूद
इस गरिमामयी अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष दया जोशी के साथ वरिष्ठ पत्रकार शंकर दत्त पाण्डेय, मुन्ना अंसारी, राकेश जोशी, ऐजाज अंसारी, पंकज पाण्डेय आदि कई वरिष्ठ साथीगण और पत्रकार मुख्य रूप से मौजूद रहे।

