
-नवरात्रि के प्रथम दिन ध्वजारोहण कर नौ दिवसीय मेले का किया उद्घाटन, सांस्कृतिक झांकियों ने मोहा मन
देहरादून नरेंद्रनगर, 11 अक्टूबर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को नरेंद्रनगर में 50वें सिद्धपीठ श्री कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले का ध्वजारोहण कर शुभारंभ किया। नवरात्रि के प्रथम दिन शुरू हुए इस नौ दिवसीय राज्यस्तरीय मेले में मुख्यमंत्री ने सांस्कृतिक झांकियों का अवलोकन किया और विकास प्रदर्शनी का उद्घाटन कर विभिन्न विभागों के स्टॉलों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शहीद स्थल पर अमर शहीदों की प्रतिमाओं और स्वतंत्रता संग्राम शहीद स्मारक पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। साथ ही मां कुंजापुरी के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्वलित कर पूजा-अर्चना की।
मुख्यमंत्री ने शारदीय नवरात्रि और मेले की स्वर्ण जयंती की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि नवरात्रि के पावन अवसर पर मेले का शुभारंभ होना सुखद संयोग है। अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर उन्होंने बेटियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि 50वां कुंजापुरी मेला लोक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और गौरवशाली परंपराओं का प्रतीक है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति से जोड़ने के साथ व्यापार और पर्यटन को भी बढ़ावा देते हैं। उन्होंने मेले के संस्थापक सुरेंद्र सिंह पांगती और आयोजन समिति के योगदान की सराहना की।
स्थानीय उत्पादों और स्वरोजगार को बढ़ावा दे रही सरकार
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की सांस्कृतिक एवं धार्मिक विरासत का संरक्षण और संवर्धन किया जा रहा है। अयोध्या में श्रीराम मंदिर, काशी विश्वनाथ धाम तथा केदारनाथ-बदरीनाथ धाम में विकास कार्य इसके प्रमुख उदाहरण हैं। उत्तराखंड सरकार भी केदारखंड और मानसखंड के प्रमुख मंदिरों में सुविधाओं के विस्तार के लिए कार्य कर रही है।
उन्होंने कहा कि पलायन रोकना और युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। ‘एक जनपद-दो उत्पाद’ और ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ जैसी पहल के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को देश-विदेश में बाजार उपलब्ध कराया जा रहा है। मुख्यमंत्री के अनुसार, ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड की बिक्री छह करोड़ रुपये से अधिक हो चुकी है।
उन्होंने बताया कि स्टेट मिलेट मिशन, एप्पल मिशन, फार्म मशीनरी बैंक, होमस्टे योजना, पर्यटन एवं फिल्म नीति और ‘वेड इन उत्तराखंड’ जैसी पहलों से स्वरोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं। उन्होंने राज्य में रिवर्स पलायन में 44 प्रतिशत वृद्धि दर्ज होने की बात भी कही।
35 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी देने का दावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान के संरक्षण और कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने समान नागरिक संहिता, सशक्त भू-कानून, धर्मांतरण विरोधी कानून, दंगा रोधी कानून और नकल विरोधी कानून का उल्लेख किया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में 13 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है। ऑपरेशन कालनेमि और अवैध मदरसों के विरुद्ध कार्रवाई का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि पारदर्शी भर्ती प्रक्रियाओं के माध्यम से 35 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी सेवाओं में नियुक्तियां दी गई हैं।
टिहरी झील बनेगी पर्यटन और रोजगार का प्रमुख केंद्र
मुख्यमंत्री ने टिहरी जिले में चल रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि टिहरी झील के चारों ओर रिंग रोड और पर्यटन मार्ग विकसित किए जा रहे हैं। झील क्षेत्र में जलक्रीड़ा, साहसिक पर्यटन और होमस्टे को प्रोत्साहित किया जा रहा है, जिससे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं।
उन्होंने नरेंद्रनगर में राजकीय पॉलिटेक्निक के उच्चीकरण, केंद्रीय विद्यालय, विधि महाविद्यालय, सभागार निर्माण, गजा अस्पताल के उच्चीकरण और लगभग 50 करोड़ रुपये की सीवर लाइन परियोजना का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार को प्राथमिकता दे रही है।
सांस्कृतिक झांकियों ने दर्शकों का मन मोहा
मेले के शुभारंभ अवसर पर विभिन्न विषयों पर आकर्षक सांस्कृतिक झांकियां प्रस्तुत की गईं। इनमें छोलिया नृत्य, गाडू घड़ा यानी तेल कलश की परंपरा, महिषासुर मर्दिनी, प्रह्लाद की भक्ति पर आधारित नरसिंह अवतार, मां कुंजापुरी, भारत की गौरवशाली बेटियां तथा बदलता एवं बढ़ता नरेंद्रनगर जैसे विषय शामिल रहे। विद्यार्थियों और सांस्कृतिक दलों की प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को आकर्षक बनाया।
कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने मेले की स्वर्ण जयंती पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह आयोजन लोक संस्कृति के संरक्षण के साथ खेल, पर्यटन और स्थानीय प्रतिभाओं को मंच प्रदान करता है। उन्होंने पॉलिटेक्निक के उच्चीकरण, विधि महाविद्यालय के लिए बजट एवं पदों के सृजन और सीवर लाइन सहित विभिन्न विकास कार्यों के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
मेले के संस्थापक सुरेंद्र सिंह पांगती ने अपने अनुभव साझा किए। नगर पालिका परिषद नरेंद्रनगर के अध्यक्ष राजेंद्र विक्रम पंवार ने भी आयोजन की शुभकामनाएं दीं।
19 अक्टूबर तक होंगे सांस्कृतिक और खेल कार्यक्रम
11 से 19 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले इस राज्यस्तरीय मेले में खेलकूद, विद्यालय स्तरीय प्रतियोगिताओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम रहेगी। कार्यक्रमों में पद्मश्री डॉ. बसंती बिष्ट, नरेंद्र सिंह नेगी, मीना राणा, संगीता ढौंडियाल, किशन महिपाल और पांडवाज बैंड सहित अन्य कलाकार प्रस्तुतियां देंगे। मेले का समापन पद्मश्री जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण के जागर गायन के साथ होगा।
इस अवसर पर ब्लॉक प्रमुख नरेंद्रनगर दीक्षा राणा, नगर पंचायत अध्यक्ष तपोवन विनीता बिष्ट, ऋषिकेश के महापौर शंभू पासवान, नगर पंचायत अध्यक्ष गजा कुंवर सिंह चौहान, भाजपा जिलाध्यक्ष उदय रावत, जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे, मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल, अपर जिलाधिकारी शैलेंद्र सिंह नेगी सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और गणमान्य लोग मौजूद रहे।


