
काशीपुर। कृषि यंत्र पर सरकारी सब्सिडी दिलाने का झांसा देकर महिला किसान से लाखों रुपये की ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि पराली के बंडल बनाने वाली मशीन दिलाने के नाम पर महिला के नाम करीब 22.23 लाख रुपये का ऋण कराया गया और ऋण की रकम संबंधित फर्म के खाते में भेज दी गई। इसके बावजूद महिला को मशीन उपलब्ध नहीं कराई गई। मामले में न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने पिता-पुत्र समेत पांच आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

ग्राम शेरपुर बहलीन निवासी शशिबाला ने ठाकुरद्वारा न्यायालय में प्रार्थनापत्र देकर बताया कि छह जुलाई 2025 को ग्राम बांसखेड़ा खुर्द निवासी जगतजीत सिंह बुमराह, कुलवंत सिंह बुमराह, रेशम सिंह, जसपुर निवासी विपिन कुमार और पंजाब नेशनल बैंक ठाकुरद्वारा के शाखा प्रबंधक अभिनव यादव उसके घर पहुंचे थे।
आरोप है कि जगतजीत सिंह ने अपनी कृषि यंत्र फर्म के माध्यम से सरकारी सब्सिडी पर पराली के बंडल बनाने वाली मशीन दिलाने का भरोसा दिया। महिला के अनुसार मशीन की कीमत करीब 21 लाख रुपये बताई गई और उस पर 9.90 लाख रुपये की सरकारी सब्सिडी मिलने का भरोसा दिलाया गया।
महिला का आरोप है कि आरोपियों ने उससे 2.70 लाख रुपये नकद ले लिए। इसके बाद उसके नाम पर करीब 22.23 लाख रुपये का ऋण कराया गया और ऋण की रकम भी फर्म के खाते में भेज दी गई। महिला को भरोसा था कि ऋण और सब्सिडी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसे नई मशीन उपलब्ध करा दी जाएगी।
महिला के अनुसार 12 जनवरी 2026 को जब वह मशीन लेने फर्म पहुंची तो आरोपियों ने उसे नई मशीन देने के बजाय पुरानी और जर्जर मशीन ले जाने के लिए कहा। महिला ने मशीन लेने से इनकार कर दिया। इसके बाद उसने न्यायालय की शरण ली।
सीओ ठाकुरद्वारा आशीष प्रताप सिंह ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर पांचों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

